प्रखंड में सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के लाभार्थियों के लिए 31 मार्च तक जीवन प्रमाणीकरण (ई-केवाईसी) कराना अनिवार्य कर दिया गया है। निर्धारित समय सीमा तक प्रक्रिया पूरी नहीं करने वाले लाभुकों की पेंशन राज्य स्तर से स्वतः बंद कर दी जाएगी।
प्रखंड में कुल 11,159 लाभुक चिह्नि किए गए हैं, जिनमें से अब तक 5,690 लाभार्थियों का बायोमेट्रिक ई-केवाईसी पूरा हो चुका है, जबकि 5,469 लाभुकों का जीवन प्रमाणीकरण अभी लंबित है। पंचायतवार समीक्षा में कई जगह बड़ी संख्या में लाभुकों का केवाईसी बाकी है।खालगांव पंचायत में 1,419 में से 540, भगवानपुर में 1,293 में से 757, बनकटीया में 1,216 में से 536 तथा सिकटिया पंचायत में सबसे अधिक 1,273 में से 834 लाभुकों का केवाईसी अब भी शेष है। इ
सके अलावा कुईसा खुर्द, मगहिया, महुअवा, मझवलिया और सेमरिया पंचायतों में भी बड़ी संख्या में लाभार्थियों का प्रमाणीकरण लंबित है।
बीडीओ आयुष राज आलोक ने बताया कि सरकार के निर्देशानुसार सभी लाभुकों को 31 मार्च तक हर हाल में ई-केवाईसी कराना होगा। इसके लिए पंचायत स्तर पर जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है।
वहीं, प्रखंड के डेटा ऑपरेटर पिंटू कुमार यादव ने जानकारी दी कि सभी कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) पर लाभुकों के लिए निशुल्क ई-केवाईसी की सुविधा उपलब्ध है। लाभार्थी आधार आधारित बायोमेट्रिक सत्यापन के माध्यम से आसानी से अपनी प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।







