तराई क्षेत्र ऊधम सिंह नगर में फर्जी तरीके से जाति प्रमाणपत्र बनाकर सरकारी नौकरियां हासिल करने का मामला सामने आया है। इस पर कुमाऊं कमिश्नर एवं सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत ने एडीएम ऊधम सिंह नगर को जांच के निर्देश दिए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ केस दर्ज किया जाएगा और उन्हें नौकरी से बाहर किया जाएगा।
शिकायतकर्ता का कहना है कि स्थानीय अधिकारियों को मामले की जानकारी देने के बावजूद उन्होंने गंभीरता नहीं दिखाई। अब उच्च स्तर पर जांच शुरू होने से कार्रवाई की उम्मीद बढ़ गई है।
उत्तराखंड में सरकारी नौकरी पाने को लेकर फर्जीवाड़े के मामले अक्सर सामने आते रहे हैं। इनमें शैक्षिक प्रमाणपत्र, जाति प्रमाणपत्र और आयु सीमा से जुड़े प्रकरण शामिल हैं। हालांकि, जांच के बाद शासन स्तर से कई बार कार्रवाई भी की गई है। ताजा मामला ऊधम सिंह नगर से जुड़ा है, जहां शिकायत में आरोप लगाया गया है कि दस्तावेजों में धांधली कर ओबीसी वर्ग के व्यक्ति को अनुसूचित जाति का प्रमाणपत्र दिया जा रहा है।#UdhamsinghNagar #FakeCertificate #CasteFraud #GovernmentJobs #Investigation