बिहार विधानसभा के बजट सत्र के आठवें दिन वर्ष 2026-27 के आय-व्यय पर चर्चा प्रारंभ होने से पहले सदन परिसर में राजनीतिक हलचल तेज हो गई। मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के विधायक मुंह पर काली पट्टी बांधकर विधानसभा के पोर्टिको में पहुंचे और राज्य की कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार के खिलाफ प्रतीकात्मक विरोध दर्ज कराया।
इस प्रदर्शन के माध्यम से कांग्रेस नेताओं ने प्रदेश में बढ़ती आपराधिक घटनाओं और सरकार की कथित चुप्पी पर सवाल उठाए। कुछ समय तक नारेबाजी भी की गई, जिससे सदन परिसर का माहौल गर्मा गया। हालांकि, बाद में सभी विधायक नियत समय पर सदन की कार्यवाही में भाग लेने के लिए भीतर चले गए।
अपराध के मुद्दे पर सरकार पर निशाना
कांग्रेस विधायक अभिषेक रंजन सहित अन्य नेताओं ने आरोप लगाया कि राज्य में अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं और आम नागरिकों में असुरक्षा की भावना गहराती जा रही है। उनका कहना था कि इतने गंभीर विषय पर सरकार स्पष्ट और ठोस जवाब देने से बचती दिखाई दे रही है।
विपक्ष का आरोप है कि सरकार की ओर से अपराध नियंत्रण को लेकर प्रभावी रणनीति सामने नहीं आ रही है, जिससे यह संदेश जाता है कि सत्ता पक्ष इस मुद्दे पर मौन है। कांग्रेस विधायकों ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था की स्थिति को चिंताजनक बताते हुए सदन में इस पर विस्तृत चर्चा कराने की मांग की।
विपक्ष ने सरकार से आग्रह किया कि अपराध पर नियंत्रण के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाए जाएं, ताकि जनता का भरोसा बहाल हो सके। बजट सत्र के बीच इस विरोध ने राजनीतिक तापमान बढ़ा दिया है और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सदन में तीखी बहस की संभावना जताई जा रही है।#BiharAssembly #BudgetSession #CongressProtest #BiharCrime #LawAndOrder #AbhishekRanjan #BiharPolitics #OppositionVoice