मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष ने हालात को बेहद गंभीर बना दिया है। अमेरिका और इजरायल की ओर से ईरान पर हमले जारी हैं, वहीं ईरान की जवाबी कार्रवाई के चलते इजरायल के कई इलाकों में लगातार मिसाइल हमले हो रहे हैं। इस युद्ध जैसी स्थिति के बीच वहां रह रहे भारतीय श्रमिकों में भय और असुरक्षा का माहौल गहरा गया है।
बेहतर भविष्य की उम्मीद में इजरायल पहुंचे श्रमिक अब खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। लगातार हो रहे हमलों के कारण वे अपने कमरों से बाहर निकलने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। कई श्रमिक बंकरों में छिपकर अपनी जान बचाने की कोशिश कर रहे हैं।
सूत्रों के मुताबिक, सुरक्षा एजेंसियों द्वारा लगातार मोबाइल संदेशों के माध्यम से लोगों को सतर्क रहने के निर्देश दिए जा रहे हैं। साथ ही आपात स्थिति में मदद का भरोसा भी दिया जा रहा है, लेकिन जमीन पर हालात बेहद तनावपूर्ण बने हुए हैं।
जानकारी के अनुसार, करीब दो वर्ष पहले जिले के विभिन्न हिस्सों से लगभग 25 श्रमिक भारत-इजरायल श्रम समझौते के तहत काम करने के लिए इजरायल गए थे। इन श्रमिकों का मुख्य उद्देश्य बेहतर रोजगार और आर्थिक स्थिति सुधारना था, लेकिन वर्तमान हालात ने उनकी उम्मीदों पर संकट खड़ा कर दिया है।
परिवारों की चिंता भी लगातार बढ़ती जा रही है। भारत में बैठे परिजन अपने प्रियजनों की सुरक्षा को लेकर परेशान हैं और लगातार संपर्क में बने रहने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, हमलों के कारण संचार व्यवस्था भी प्रभावित होने की खबरें सामने आ रही हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह संघर्ष और बढ़ता है, तो इसका असर न केवल क्षेत्रीय स्थिरता पर पड़ेगा, बल्कि वहां काम कर रहे विदेशी नागरिकों, खासकर श्रमिकों की सुरक्षा पर भी गंभीर सवाल खड़े होंगे।
फिलहाल, हालात पर भारत सरकार की नजर बनी हुई है और जरूरत पड़ने पर राहत एवं बचाव के लिए कदम उठाए जा सकते हैं। आने वाले दिनों में स्थिति किस दिशा में जाएगी, इस पर पूरी दुनिया की नजर टिकी हुई है।#IsraelIranConflict #IndianWorkers #MiddleEastCrisis #BreakingNews #IsraelUnderAttack #Iran #GlobalNews