ईरान पर अमेरिका–इजरायल गठजोड़ द्वारा किए गए हमलों के विरोध में शनिवार को डाकखाना चौक पर विभिन्न संगठनों ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अमेरिकी साम्राज्यवाद का पुतला दहन कर युद्धोन्मादी नीतियों के खिलाफ कड़ा विरोध जताया।
विभिन्न संगठनों की भागीदारी
प्रदर्शन में सोशलिस्ट यूनिटी सेंटर ऑफ इंडिया (कम्युनिस्ट), ऑल इंडिया यूनाइटेड ट्रेड यूनियन सेंटर (एआईयूटीयूसी), इंकलाबी मजदूर केंद्र और बेलसोनिका यूनियन के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम का संचालन वजीर सिंह ने किया।
अंतरराष्ट्रीय कानून उल्लंघन का आरोप
सभा को संबोधित करते हुए एआईयूटीयूसी के जिला सचिव श्रवण कुमार गुप्ता, इंकलाबी मजदूर केंद्र के राजू, बेलसोनिका यूनियन के महासचिव अजीत सिंह और एसयूसीआई (कम्युनिस्ट) के जिला सचिव बलवान सिंह ने कहा कि ईरान पर किए गए हमले अंतरराष्ट्रीय कानून और वैश्विक शांति के लिए गंभीर खतरा हैं।
‘साम्राज्यवादी नीतियों से फैल रही अस्थिरता’
वक्ताओं ने आरोप लगाया कि साम्राज्यवादी नीतियों के तहत दुनिया के कई देशों में जानबूझकर अस्थिरता पैदा की जा रही है। उन्होंने इराक, अफगानिस्तान, लीबिया और सीरिया का उदाहरण देते हुए कहा कि इन युद्धों का सबसे अधिक असर आम जनता, मजदूरों, महिलाओं और बच्चों पर पड़ता है।
युद्ध के खिलाफ एकजुटता का आह्वान
प्रदर्शनकारियों ने वैश्विक शांति बनाए रखने और युद्ध की राजनीति के खिलाफ एकजुट होने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार का सैन्य संघर्ष मानवता के लिए घातक है और इसका खामियाजा आम नागरिकों को भुगतना पड़ता है।#IranAttack #Protest #AntiWar #GlobalPeace #MiddleEastConflict #IndiaNews #USIsrael