पाकिस्तान के एक दर्जन से ज्यादा पूर्व क्रिकेटरों पर दो साल के प्रतिबंध का खतरा मंडरा रहा है। मामला जाम्बिया में आयोजित एक ऐसी क्रिकेट लीग में हिस्सा लेने से जुड़ा है, जिसे स्थानीय क्रिकेट बोर्ड ने मान्यता नहीं दी है। बताया जा रहा है कि लीग को बीच में ही रोक दिया गया, जिसके चलते इसमें शामिल खिलाड़ियों की फीस भी अटक गई है।
लुसाका में खेली जा रही थी Asian Legends League
जाम्बिया की राजधानी लुसाका में आयोजित Asian Legends League में पाकिस्तान समेत कई देशों के पूर्व क्रिकेटर खेलते नजर आए। हालांकि, जाम्बिया क्रिकेट यूनियन ने पिछले सप्ताह स्पष्ट किया कि उसने इस प्रतियोगिता को आधिकारिक मान्यता नहीं दी है।
क्रिकेट यूनियन ने यह भी साफ किया कि जाम्बिया क्रिकेट बोर्ड इस लीग का समर्थन नहीं करता है। इसके बाद लीग को लेकर विवाद बढ़ गया और इसके आयोजन पर सवाल खड़े हो गए।
खिलाड़ियों की फीस भी फंसी
अनधिकृत लीग में हिस्सा लेने के कारण पाकिस्तान के 12 से अधिक खिलाड़ियों पर कार्रवाई की आशंका जताई जा रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, अगर संबंधित क्रिकेट बोर्ड की ओर से खिलाड़ियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाती है तो उन्हें दो साल के प्रतिबंध का सामना करना पड़ सकता है।
लीग को बीच में रोके जाने के बाद इसमें शामिल खिलाड़ियों की तय फीस भी अधर में लटक गई है। ऐसे में खिलाड़ियों के सामने एक तरफ संभावित प्रतिबंध का खतरा है, वहीं दूसरी ओर लीग से मिलने वाली रकम भी फिलहाल स्पष्ट नहीं है।
मामले को लेकर अब संबंधित क्रिकेट अधिकारियों के अगले कदम पर नजर है। खिलाड़ियों के खिलाफ कार्रवाई होती है या नहीं, यह आगे की जांच और आधिकारिक निर्णय के बाद स्पष्ट होगा।#PakistanCricket #PakistanCricketers #AsianLegendsLeague #ZambiaCricket #CricketNews #CricketBan #Lusaka #PakistanNews #SportsNews #CricketUpdate