हरियाणा गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी (HSGMC) के अध्यक्ष जगदीश झींडा ने हरियाणा सिख गुरुद्वारा एक्ट 2014 के सेक्शन 19 में संशोधन की मांग उठाई है। इस संबंध में उन्होंने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को एक पत्र लिखकर अपनी आपत्ति और मांग को स्पष्ट रूप से रखा है।
जगदीश झींडा ने सेक्शन 19 के तहत हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी की एग्जीक्यूटिव बोर्ड या जनरल हाउस की बैठक के लिए निर्धारित दो-तिहाई (Two-Third Majority) सदस्यों की अनिवार्य उपस्थिति की शर्त को हटाने की मांग की है। उनका कहना है कि यह शर्त व्यावहारिक नहीं है और इसे अनुचित रूप से एक्ट में जोड़ा गया है।
झींडा ने अपने पत्र में तर्क दिया कि इस तरह की शर्त न तो संसद, न ही विधानसभाओं में लागू है और न ही शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) या दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (DSGMC) के नियमों में मौजूद है। इसके बावजूद केवल हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी के एक्ट में इस प्रकार का प्रावधान किया गया है।
उन्होंने कहा कि दो-तिहाई उपस्थिति की जटिल शर्त के कारण कमेटी की बैठकें नियमित रूप से नहीं हो पा रही हैं, जिससे कई महत्वपूर्ण निर्णय और प्रशासनिक कार्य लंबित पड़े हुए हैं। ऐसे में कमेटी के कामकाज पर सीधा असर पड़ रहा है।
जगदीश झींडा ने राज्य सरकार से मांग की है कि सेक्शन 19 में आवश्यक संशोधन कर इस शर्त को हटाया जाए, ताकि हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी के कार्यों को सुचारू रूप से संचालित किया जा सके।#HSGMC
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