जिले में जर्जर सड़कों की वजह से सड़क हादसे लगातार जानलेवा साबित हो रहे हैं। पलवल-नूंह मार्ग की बदहाल स्थिति भी लोगों की जान पर भारी पड़ रही है। सड़क की हालत इतनी खराब है कि बीते एक वर्ष के दौरान इस मार्ग पर हुए हादसों में छह से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि दर्जनों लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह मार्ग लंबे समय से मरम्मत और विस्तार की मांग कर रहा है। पलवल-नूंह सड़क को फोर-लेन हाईवे में तब्दील करने की योजना करीब सात वर्षों से केवल फाइलों तक सीमित है। परियोजना के क्रियान्वयन में हो रही देरी के चलते यात्रियों को रोजाना जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है।
बीते दिसंबर माह में ग्रामीणों ने सड़क की बदहाली और फोर-लेन परियोजना में देरी को लेकर प्रदर्शन भी किया था। प्रदर्शनकारियों ने लंबे समय से लंबित प्रस्ताव के अनुसार तत्काल निर्माण कार्य शुरू करने की मांग उठाई थी। हालांकि अब प्रशासन की ओर से यह संकेत दिए गए हैं कि फोर-लेन निर्माण में अभी और समय लगेगा।
फिलहाल सड़क की स्थिति सुधारने के लिए लगभग चार करोड़ रुपये की लागत से मरम्मत कार्य कराने की योजना बनाई गई है। लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्थायी मरम्मत से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा और जब तक फोर-लेन परियोजना पूरी नहीं होती, तब तक हादसों का खतरा बना रहेगा।#PalwalNuhRoad #RoadAccidents #BadRoadCondition #HaryanaNews #FourLaneHighway #PublicSafety #HindiNews