नई दिल्ली। राउज एवेन्यू कोर्ट में चल रहे आपराधिक मानहानि मामले में भाजपा नेता प्रवेश वर्मा को राहत मिली है। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत ने उन्हें आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता सौरभ भारद्वाज के खिलाफ दायर मानहानि मामले में बयान दर्ज कराने के लिए 4 जुलाई तक का समय दिया है।
मामले की सुनवाई अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट नेहा मित्तल की अदालत में हुई। सुनवाई के दौरान अदालत ने प्रवेश वर्मा को राहत प्रदान करते हुए अगली सुनवाई की तारीख 4 जुलाई निर्धारित की।
गौरतलब है कि इससे पहले इस मामले की सुनवाई अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पारस दलाल कर रहे थे। हालांकि, उन्होंने 8 जून को स्वयं को इस मामले की सुनवाई से अलग कर लिया था। उनके कार्यकाल के दौरान प्रवेश वर्मा को 9 जून और 11 जून को अदालत में उपस्थित होकर अपना बयान दर्ज कराने के निर्देश दिए गए थे।
यह मामला आम आदमी पार्टी नेता सौरभ भारद्वाज द्वारा लगाए गए आरोपों से जुड़ा हुआ है। अदालत में दाखिल याचिका के अनुसार, 15 और 16 मई को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर किए गए पोस्ट में सौरभ भारद्वाज ने प्रवेश वर्मा पर गंभीर आरोप लगाए थे।
याचिका में कहा गया है कि सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया था कि प्रवेश वर्मा ने मंत्री पद का कथित दुरुपयोग करते हुए अपने एक करीबी सहयोगी को लगभग 500 करोड़ रुपये की संपत्ति वाले एक निजी स्कूल ट्रस्ट में ट्रस्टी नियुक्त करवाया था।
इन आरोपों को आधार बनाते हुए मानहानि से संबंधित कानूनी विवाद शुरू हुआ, जो फिलहाल अदालत में विचाराधीन है। मामले में दोनों पक्षों के तर्क और साक्ष्य न्यायिक प्रक्रिया के तहत अदालत के समक्ष प्रस्तुत किए जा रहे हैं।
अदालत द्वारा नई तारीख तय किए जाने के बाद अब इस मामले की अगली सुनवाई 4 जुलाई को होगी। उस दिन प्रवेश वर्मा के बयान दर्ज किए जाने की प्रक्रिया आगे बढ़ सकती है। फिलहाल मामले पर सभी की नजरें आगामी सुनवाई पर टिकी हुई हैं।




