चार अंडरपास के अभाव में अधूरा पड़ा औरंगाबाद-वाराणसी जीटी रोड सिक्सलेन प्रोजेक्ट, बढ़ रहा हादसों का खतरा

चार अंडरपास के अभाव में अधूरी पड़ी जीटी रोड सिक्सलेन परियोजना, स्थानीय लोगों में बढ़ रहा आक्रोश

औरंगाबाद से वाराणसी तक ग्रैंड ट्रंक रोड (GT Road) के सिक्सलेन निर्माण का अधिकांश कार्य पूरा हो चुका है, लेकिन चार महत्वपूर्ण स्थानों पर प्रस्तावित वाहन अंडरपास का निर्माण नहीं होने के कारण परियोजना अब भी अधूरी पड़ी हुई है। इससे स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।

प्रारंभिक चरण में भूमि अधिग्रहण से जुड़ी समस्याओं के कारण इन स्थानों पर निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका था। हालांकि अब संबंधित भूमि उपलब्ध हो चुकी है, इसके बावजूद निर्माण कार्य आगे नहीं बढ़ने से लोगों में असंतोष है।

बारुण प्रखंड कार्यालय मोड़ पर अधूरा है सिक्सलेन कार्य

निर्माण कार्य से जुड़े अधिकारियों के अनुसार बारुण प्रखंड कार्यालय मोड़ के पास वाहन अंडरपास प्रस्तावित है। अंडरपास निर्माण लंबित रहने के कारण यहां सिक्सलेन सड़क का निर्माण पूरा नहीं हो पाया है।

इसी प्रकार सिंदुरिया गांव के समीप लगभग 700 मीटर लंबाई तक सड़क अभी भी फोरलेन ही है। पहले भूमि अधिग्रहण की समस्या के कारण काम रुका हुआ था, लेकिन अब जमीन उपलब्ध होने के बावजूद निर्माण शुरू नहीं हुआ है।

योगिया मोड़ और बाइपास क्षेत्र में भी अटकी परियोजना

योगिया मोड़ पर भी वाहन अंडरपास प्रस्तावित है, लेकिन यहां भी निर्माण कार्य शुरू नहीं किया गया है, जिसके कारण सड़क अभी फोरलेन स्थिति में है।

वहीं शहर के बाइपास क्षेत्र में सड़क के पूर्वी हिस्से में भी वाहन अंडरपास का निर्माण प्रस्तावित है। इसके लिए बसंत बहार होटल की जमीन का अधिग्रहण किया गया और भवन को भी ध्वस्त कर दिया गया, लेकिन इसके बाद भी न तो अंडरपास निर्माण शुरू हुआ और न ही सर्विस रोड का निर्माण हो सका।

अंडरपास नहीं बनने से बढ़ रहा दुर्घटनाओं का खतरा

स्थानीय लोगों का कहना है कि अंडरपास नहीं बनने के कारण लोगों को रोजाना जान जोखिम में डालकर व्यस्त जीटी रोड पार करनी पड़ती है। विशेष रूप से क्षत्रिय नगर और पीपरडीह मोड़ के आसपास लगातार सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिसके चलते इन स्थानों पर भी अंडरपास निर्माण की मांग तेज हो गई है।

एनएचएआई पर उदासीनता का आरोप

स्थानीय जनप्रतिनिधियों और नागरिकों का आरोप है कि कई बार निरीक्षण और बैठकों के बावजूद निर्माण कार्य को लेकर कोई ठोस पहल नहीं की गई है। सांसदों, विधायकों, अधिकारियों और निर्माण एजेंसी के इंजीनियरों द्वारा अंडरपास निर्माण का आश्वासन दिया गया था, लेकिन मामला अब भी लंबित है।

पूर्व विधायक विजय कुमार उर्फ डब्लू सिंह ने कहा कि क्षत्रिय नगर और पीपरडीह मोड़ पर अंडरपास निर्माण को लेकर भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के अधिकारी गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं।

उनका कहना है कि अंडरपास नहीं बनने के कारण प्रतिदिन सैकड़ों लोगों को जोखिम उठाकर सड़क पार करनी पड़ रही है, जिससे किसी बड़े हादसे की आशंका लगातार बनी हुई है।

अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई भी धीमी

जीटी रोड के किनारे अतिक्रमित भूमि को खाली कराने की प्रक्रिया भी अपेक्षित गति से आगे नहीं बढ़ रही है। सड़क सुरक्षा को लेकर सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया द्वारा जारी निर्देशों के बावजूद कई स्थानों पर सड़क की भूमि पर अतिक्रमण बना हुआ है, जिससे यातायात और सुरक्षा दोनों प्रभावित हो रहे हैं।#Aurangabad #GTRoad #SixLaneProject #NHAI #Underpass #RoadSafety #BiharNews #Varanasi #Infrastructure #HighwayProject #RoadAccident #GTroadSixLane #DevelopmentNews #BreakingNews #BiharInfrastructure

Leave a Comment

शहर चुनें