कपिल मिश्रा ने पंजाब FIR पर विधानसभा अध्यक्ष को लिखा पत्र, विशेषाधिकार हनन का लगाया आरोप

दिल्ली सरकार में मंत्री कपिल मिश्रा ने पंजाब में अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर को लेकर दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता को पत्र लिखते हुए हस्तक्षेप की मांग की है। अपने पत्र में कपिल मिश्रा ने कहा है कि इकबाल सिंह द्वारा की गई शिकायत और उसके आधार पर जालंधर पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर सहित की गई पूरी कार्रवाई संविधान के तहत प्राप्त संवैधानिक संरक्षण की अवहेलना है।

कपिल मिश्रा ने पत्र में स्पष्ट किया है कि यह मामला सीधे तौर पर विधानसभा के विशेषाधिकारों से जुड़ा हुआ है और इस तरह की आपराधिक कार्रवाई विधायिका के अधिकारों का गंभीर उल्लंघन है। उन्होंने कहा कि विधानसभा की कार्यवाही से जुड़े सत्य और अधिकृत विवरण के प्रकाशन को लेकर आपराधिक कार्रवाई शुरू किया जाना विधायिका की गरिमा, स्वतंत्रता और अधिकारों में अनुचित हस्तक्षेप के समान है।

मंत्री ने अपने पत्र में यह भी उल्लेख किया है कि इस प्रकार की कार्रवाई से न केवल विधायी कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होते हैं, बल्कि यह लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्वतंत्रता के लिए भी खतरा है। इसी आधार पर कपिल मिश्रा ने विधानसभा अध्यक्ष से अनुरोध किया है कि इस पूरे प्रकरण को संज्ञान में लेते हुए विशेषाधिकार समिति को संदर्भित किया जाए।

उन्होंने कहा कि विशेषाधिकार समिति के माध्यम से मामले की समुचित जांच कराई जानी चाहिए, ताकि तथ्यों की निष्पक्ष समीक्षा के बाद आवश्यक और उचित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। फिलहाल इस पत्र के बाद राजनीतिक और संवैधानिक हलकों में इस मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
KapilMishra

PunjabFIR

DelhiAssembly

AssemblyPrivilege

IndianPolitics

PoliticalNews

ConstitutionalIssue

Khushi Kumari
Author: Khushi Kumari

Leave a Comment

शहर चुनें