बिहार सरकार की विशेष पहल पर पर्यटन नगरी वाल्मीकिनगर को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की तैयारी तेज हो गई है।
यहां के हवाई अड्डे के विस्तारीकरण और उड़ान सेवाओं की शुरुआत को लेकर प्रशासनिक स्तर पर गतिविधियां बढ़ गई हैं। इसी सिलसिले में गुरुवार को एडीएम राजीव रंजन सिन्हा ने हवाई अड्डा परिसर का विस्तृत निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों के साथ जमीन का जायजा लिया।
इस विस्तारीकरण परियोजना के लिए लगभग सात एकड़ भूमि को चिह्नित किया गया है। निरीक्षण के दौरान एडीएम ने उन रैयतों (भूमि मालिकों) से मुलाकात की, जिनकी जमीन इस परियोजना के दायरे में आ रही है।
उन्होंने बताया कि किसानों के साथ बातचीत बेहद सकारात्मक रही है। इसके साथ ही टर्मिनल भवन के लिए प्रस्तावित भूमि, वन भूमि के मामलों और ठाड़ी एसएसबी कैंप को दूसरी जगह शिफ्ट करने की प्रक्रियाओं पर भी संबंधित वन विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों से अहम जानकारी ली गई।पर्यटन को बढ़ावा
बिहार के उपमुख्यमंत्री सह पर्यटन मंत्री सम्राट चौधरी द्वारा वाल्मीकिनगर में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए हेलीकॉप्टर सेवा शुरू करने की घोषणा की गई है।इस संबंध में एडीएम ने पुष्टि की कि मुख्यमंत्री और सरकार के स्तर से इस सेवा को हरी झंडी मिल चुकी है और जल्द ही इसकी औपचारिक शुरुआत की जाएगी।
हवाई सेवा और हेलीकॉप्टर की सुविधा मिलने से वाल्मीकिनगर में देश-विदेश के पर्यटकों की आमद काफी बढ़ जाएगी, जिससे स्थानीय रोजगार को भी बड़ा बढ़ावा मिलेगा।
निरीक्षण के दौरान वरीय उपसमाहर्ता अली अहमद, जिला उप भू अर्जन अधिकारी राकेश कुमार, बगहा-दो के अंचलाधिकारी वसीम अकरम, आरओ रवि चौधरी, रेंजर सत्यम कुमार, और ठाढी सीमा चौकी के इंचार्ज सब-इंस्पेक्टर भगवान सिंह सहित वन विभाग के अमीन उपस्थित रहे।




